झालरापाटन में पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने किया भगवान बिरसा मुंडा की मूर्ति का अनावरण
अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि बिरसा मुंडा का जीवन हमें अन्याय के खिलाफ लड़ने और प्रकृति की रक्षा करने की प्रेरणा देता है।
झालरापाटन:पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने 29 जनवरी 2026 को झालरापाटन के बस स्टैंड स्थित मुंडा पार्क में भगवान बिरसा मुंडा की आदमकद प्रतिमा का अनावरण किया। यह आयोजन भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में किया गया था।
लोकार्पण: प्रतिमा के साथ-साथ राजे ने झालरापाटन में लगभग ₹1.50 करोड़ की लागत वाले विभिन्न विकास कार्यों और एक बैडमिंटन कोर्ट का भी उद्घाटन किया।
प्रेरणा: अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि बिरसा मुंडा का जीवन हमें अन्याय के खिलाफ लड़ने और प्रकृति की रक्षा करने की प्रेरणा देता है।
सहभागिता: इस प्रतिमा की स्थापना नगरपालिका द्वारा क्षेत्रीय सांसद दुष्यंत सिंह की प्रेरणा से की गई है, जिसका उद्देश्य भावी पीढ़ी को स्वतंत्रता सेनानियों की देशभक्ति से परिचित कराना है।
पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा हमें प्रेरणा देते हैं कि बाधाओं के काँटों पर ही सफलता के मचान है। जहाँ बाधा और संघर्ष नहीं, वहाँ सफलता और मंजिल नहीं। भील समाज संघर्ष का समाज़ है। अभावों में जीकर सफलता की कहानियाँ लिखना भील समाज को अच्छे से आता है।
भगवान बिरसा मुंडा जी ने धर्मांतरण के खिलाफ आवाज उठाई। उनके जीवन से हमें अन्याय के खिलाफ लड़ने और प्रकृति की रक्षा करने की प्रेरणा मिलती है। जनजाति वह समाज है, जिसमें शबरी भील ने जन्म लिया। भगवान राम ने उस शबरी के झूठें बेर खाये। जब उस समय छूआछूत नहीं थी तो आज क्यों?
जब भी अवसर मिला मैंने हमारे भील समाज के भाई-बहनों को न्याय संगत प्रतिनिधित्व देने का प्रयास किया। आज झालावाड़ ज़िले के प्रमुख पद पर श्रीमती टीना भील, पिड़ावा पंचायत समिति प्रधान पद पर श्रीमती सीता भील और मनोहरथाना पंचायत समिति प्रधान पद पर श्रीमती लाली बाई भील इन प्रयासों की सफलता के उदाहरण हैं।




